वाराणसी।आगमी देव दीपावली की तैयारियां जोरों पर हैं पूरे शहर को सजाया जा रहा है, जिसमें जनता स्वयं बढ़ चढ़ कर भाग लेती है। चूंकि ये काशी का अपना पर्व है इसलिए और विशेष होता है ।
प्राप्त समाचार के अनुसार पूर्व में ही घोषणा हुई जो समाचार पत्रों में भी प्रकाशित हुआ था कि पर्यावरण को देखते हुए इस वर्ष गोबर के बने 3 लाख दीपक उपयोग में लिए जाएंगे , लेकिन मामला ठन-ठन गोपाल सा प्रतीत हो रहा है ।
खबर है कि जो संस्थाएं गोबर का दीपक बनाती हैं उनसे विभाग द्वारा दीपक खरीद की कोई सूचना नहीं है जिससे यह प्रतीत
हो रहा है कि सारी खरीद फरोख्त काग़जों पर हो गई है।
ठीकेदार अलग हैं , उनको सिर्फ मिट्टी के दीपक चाहिए फिर ऐसे में 3 लाख दीपक कैसे ये लोग जलाएंगे , इसको संज्ञान में रखकर पत्रकारों की एक यूनियन इसबार बाकायदा देव दीपावली के अवसर पर घाटों पर स्टिंग करेगी और गिना जाएगा की गोबर के कितने दीपक किस -किस घाट पर लगे ।
इस स्टिंग में आम जनता घाट किनारे के वेंडरों, नौका चालकों ,का पूरा सहयोग लिया जाएगा तथा इसबार विभागीय लूट खसोट का पूरा खुलासा जनता के समक्ष लाया जाएगा । क्योंकि कि यह छोटी मोटी लूट नहीं बल्कि एक बड़े भरष्टाचार का खुलासा होगा , जिसके आंकड़े चौंकाने वाले होंगे ।


