
मऊ। जनपद के चिरैयाकोट थाने में एक स्वयं सहायता समूह की अध्यक्षा द्वारा की गई बड़ी धोखाधड़ी के मामले में पीड़ितों की तहरीर पर पुलिस ने मुक़दमा दर्ज कर जांच की कार्रवाई शुरू कर दी है।
धोखाधड़ी का यह प्रकरण स्थानीय थाना चिरैयाकोट स्थित नेवादा गांव का है,जिसमें करीब पांच महीने पहले लालसा सरोज ने एक स्वयं सहायता समूह बनाया था।बताते हैं कि उक्त लालसा ने उस समूह का अध्यक्ष बनकर अन्य 25 महिलाओं को सदस्य बनाया और उनके नाम पर विभिन्न बैंकों उत्कर्ष असमल फाइनेंस बैंक, सोनाटा फाइनेंस बैंक, बंधन फाइनेंस बैंक और इंडसलैंड फाइनेंस बैंक आदि से लगभग 18 लाख रुपये का लोन पास करा दिया और पूरा पैसा लेकर वह फरार हो गई।
इस धोखाधड़ी की शिकार पीड़ित दर्ज़नों महिलाओं मनसा, दिब्या, बिमला, शारदा और प्रियंका सहित ने सोमवार की देर शाम को स्थानीय थाने पहुंचकर उपरोक्त लालसा के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया।इस सम्बंध में पीड़ितों का कहना है कि लालसा ने उन्हें बहला-फुसलाकर समूह में शामिल किया और धोखे से लोन कराकर पैसा ले लिया । लोन की रकम किस्त वसूल करने के लिए जब बैंक कर्मचारी हम लोगों से संपर्क साधे तब हमें ठगी होने का एहसास हुआ।
उक्त मामले में दी गई तहरीर के आधार पर पुलिस मुकदमा अपराध संख्या 19 धारा 173 बी एन एस के तहत पंजीकृत कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है।


