
आजमगढ़।जनपद के सठियांव ब्लाक स्थित ग्राम सभा काशीपुर में महिला प्रधान व उनके पुत्र प्रतिनिधि ने सरकार की आंखों में धूल झोंक कर फर्जी तरीके मनरेगा योजना के कार्य मे फ़र्जी हाजिरी लगाकर सरकारी धन का खुलेआम बंदरबांट कर रहे हैं।
जिसका खुलासा ग्रामीणों ने किया है,भ्रष्टाचार में डुबकी लगा रहे ग्राम प्रधान व सचिव की पोल ग्रामीणों ने खोलकर रख दिया है। ग्रामीणों ने बताया कि महज 8/10 की संख्या में मनरेगा मजदूरों को खड़ा कराकर फोटो खिंचवाने का काम किया जाता है।जबकि सरकारी रोड निर्माण कार्य में ट्रैक्टर से मिट्टी की निकासी कराई गई थी। जिससे ग्रामसभा की उक्त पोखरी काफी गहरी हो गई है। उसी के किनारे बंधा पर प्रधान व सम्बंधित कर्मचारी योगी सरकार को बदनाम करने के लिए सरकारी धन को लूटने में लगे हुवे हैं।
लेकिन प्रधान और सचिव सरकारी धन को लूटने में जी जान से लगे हुए हैं। जहां प्रदेश की योगी सरकार दिन-रात काम करके बापू महात्मा गांधी के सपनों को पूरा करना चाहती है। वहीं ग्राम प्रधान सचिव और रोजगार सेवक उनकी आंख में धूल झोंक कर सरकारी धन को लूटने पर आमादा हैं। ग्रामीणों ने प्रधान पर आरोप लगाते हुए बताया कि बहुत सारे काम ऐसे हैं जो प्रसासन की आँख में धूल झोंककर फर्जी खाना पूर्ति कर सरकारी धन का बंदर बांट कर लिया गया है।
धरातल पर उच्च अधिकारियों द्वारा जांच कराई जाए तो प्रधान और संबंधित ब्लाक के कर्मचारी जेल के सलाखों के पिछे होंगे,लोगों ने यह भी बताया की पंचायत सहायक और सेक्रेटरी जो फर्जी तरीके से हाजिरी लगाकर सरकारी धन को डकारने में माहिर हैं। सेक्रेटरी व प्रधान भ्रष्टाचार में डुबकी लगा रहे हैं।सठियांव ब्लॉक में सरकारी धन की खूब जोर शोर से लुटाई चल रही है।जब कि सच्चाई यह है कि पोखरी में पानी भरा हुवा है,सारा दिन बरसात हो रही है फिरभी खुदाई का कार्य प्रधान व सम्बन्धित ब्लाक के कर्मचारीगण की मंशा को स्वयं बयां कर रहा है।उक्त कार्य स्थल की जीपीएस फोटो व वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। अब देखना यह होगा कि भ्रष्टाचार में डुबकी लगा रहे प्रधान व सम्बंधित कर्मचारियों पर कोई कार्रवाई होती है या मामले को ठंडा बस्ते में डाल दिया जाता है।


